गोंडा (उत्तर प्रदेश) : गोंडा जिले के मुख्य विकास अधिकारी (CDO) अंकिता जैन ने विकास भवन के विभिन्न कार्यालयों का आकस्मिक निरीक्षण किया, जिसमें उन्होंने डूडा कार्यालय का भी निरीक्षण किया। यहां उन्हें केवल एक सफाई कर्मी ही मौजूद मिला, जबकि अन्य कई महत्वपूर्ण कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए।
इस निरीक्षण के दौरान, लघु सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता और अन्य कर्मचारी भी अपनी ड्यूटी पर अनुपस्थित पाए गए। यह पाया गया कि विभाग में कर्मियों की उपस्थिति की स्थिति बेहद नकारात्मक है और इस पर शीघ्र कार्रवाई की जाएगी।
CDO अंकिता जैन ने की कर्मचारियों की अनुपस्थिति पर नाराजगी जताई
CDO अंकिता जैन ने निरीक्षण के दौरान साफ तौर पर कहा कि सरकारी दफ्तरों में कर्मचारी अपनी ड्यूटी पर अनुपस्थित नहीं रह सकते हैं। उन्होंने कहा, “यह बिलकुल भी सहन नहीं किया जाएगा कि सरकारी कार्यालयों में कर्मी अपनी जिम्मेदारी से मुँह मोड़ लें। हर कर्मचारी को अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए और अनुपस्थिति की स्थिति में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
कर्मचारियों की अनुपस्थिति पर होगी कार्रवाई
CDO ने कार्यालयों में अनुपस्थित पाए गए कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित कर्मचारियों की चयनात्मक कार्रवाई की जाएगी और उन पर ड्यूटी में लापरवाही बरतने के लिए उचित कानूनी कदम उठाए जाएंगे।
अंकिता जैन ने अधिकारियों से कहा कि वे नियमित निरीक्षण करें ताकि कोई भी कर्मचारी अपनी ड्यूटी से न भागे और सरकारी कार्यों में कोई रुकावट न आए।
मुख्य कार्यालयों में कर्मचारियों की उपस्थिति की समीक्षा
CDO ने अपने निरीक्षण में यह भी पाया कि विकास भवन में कई कार्यालयों में कर्मचारियों की उपस्थिति बेहद कम थी, जबकि उन्हें अपनी जिम्मेदारियों का पालन करना चाहिए। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों को कड़ा संदेश दिया कि सरकारी कार्यों की गति में कोई अवरोध नहीं आना चाहिए।
निष्कर्ष
गोंडा में CDO अंकिता जैन द्वारा किया गया यह आकस्मिक निरीक्षण प्रशासनिक जिम्मेदारी का अहसास दिलाता है। कर्मचारियों के कर्तव्यों के प्रति लापरवाही को गंभीरता से लेते हुए, अधिकारियों द्वारा कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं न हों।



