गोंडा। देवीपाटन मंडल ने एक बार फिर प्रशासनिक उत्कृष्टता का परचम लहराया है। IGRS पोर्टल पर शिकायतों के निस्तारण में मंडल ने चौथी बार प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। अक्टूबर 2025 की रैंकिंग में मंडल ने 120 में से 107 अंक (89.17%) प्राप्त किए, जो पिछले माह की तुलना में 2.50 प्रतिशत अधिक है।
यह उपलब्धि आयुक्त शशि भूषण लाल सुशील के नेतृत्व में संभव हो सकी है। उनके निर्देशन में मंडल के चारों जिलों — श्रावस्ती, बहराइच, गोंडा और बलरामपुर — में शिकायत निस्तारण प्रक्रिया को पारदर्शी, प्रभावी और जवाबदेह बनाया गया है।
📊 आयुक्त की सख्त मॉनिटरिंग और पारदर्शिता ने दिलाई सफलता
आयुक्त शशि भूषण लाल सुशील ने बताया कि वे स्वयं सभी जिलों की शिकायतों की समीक्षा करते हैं और
“शिकायतों पर वास्तविक कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए मैं यादृच्छिक रूप से पाँच शिकायतकर्ताओं से फोन पर फीडबैक लेता हूँ।”
इस पहल से न केवल निस्तारण की गुणवत्ता बढ़ी है, बल्कि प्रशासनिक पारदर्शिता में भी बड़ा सुधार आया है। देवीपाटन मंडल में विभागवार शिकायतों की समीक्षा, प्रगति रिपोर्ट की मासिक जांच और लापरवाही पाए जाने पर अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है।
👩💼 ‘मां पाटेश्वरी शक्ति संवाद’ से महिलाओं को मिला सशक्तिकरण का मंच
जन शिकायतों के समाधान के साथ-साथ, मंडल प्रशासन ने महिलाओं की समस्याओं के निस्तारण के लिए विशेष पहल ‘मां पाटेश्वरी शक्ति संवाद’ शुरू की है।
इन संवादों में महिलाओं और बेटियों की शिकायतों को प्राथमिकता से हल किया जाता है। यह पहल महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है।
💻 तकनीकी और पारदर्शी शिकायत निवारण प्रणाली
आयुक्त ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश में शिकायत निवारण प्रणाली को पूरी तरह तकनीकी और पारदर्शी बनाया गया है।
IGRS पोर्टल के माध्यम से अब नागरिक अपने घर बैठे शिकायत दर्ज कर सकते हैं और उसकी स्थिति ऑनलाइन देख सकते हैं। इससे न केवल नागरिकों को राहत मिली है, बल्कि शासन की जवाबदेही भी बढ़ी है।
“यह पोर्टल सरकार की पारदर्शिता और संवेदनशीलता का प्रतीक बन चुका है,” — आयुक्त ने कहा।

