उत्तर प्रदेश: के गोंडा जिले में वन महोत्सव 2026 के तहत पर्यावरण संरक्षण को लेकर एक विशेष पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। शनिवार दोपहर गोंडा कमिश्नरी कार्यालय परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में देवीपाटन मंडल की मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने परिषदीय विद्यालयों के स्कूली बच्चों के साथ पीपल, बरगद और अन्य छायादार एवं पर्यावरणीय दृष्टि से महत्वपूर्ण पौधों का रोपण किया।
इस अवसर पर उन्होंने बच्चों को पौधों का वितरण करते हुए उन्हें केवल पौधे लगाने ही नहीं, बल्कि उनकी नियमित देखभाल करने का भी संकल्प दिलाया। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों, विशेषकर बच्चों में पर्यावरण संरक्षण और वृक्षारोपण के प्रति जागरूकता बढ़ाना था।
1 जुलाई से चल रहा है वन महोत्सव अभियान
वन विभाग द्वारा जिले में 1 जुलाई से वन महोत्सव अभियान चलाया जा रहा है। यह अभियान 7 जुलाई तक विभिन्न स्थानों पर जारी रहेगा। अभियान के दौरान सरकारी कार्यालयों, विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों और ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया जा रहा है।
वन विभाग का लक्ष्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि उनके संरक्षण और दीर्घकालिक विकास को सुनिश्चित करना भी है। इसी उद्देश्य से विभिन्न सामाजिक संगठनों, विद्यालयों और स्थानीय नागरिकों की भागीदारी भी सुनिश्चित की जा रही है।
बच्चों को बांटे गए पौधे, लिया संरक्षण का संकल्प
कार्यक्रम में शामिल सैकड़ों स्कूली बच्चों को मंडलायुक्त ने एक-एक पौधा वितरित किया। बच्चों ने संकल्प लिया कि वे अपने-अपने घरों या आसपास सुरक्षित स्थान पर इन पौधों को लगाएंगे और उनकी नियमित देखभाल करेंगे।
अधिकारियों का मानना है कि यदि बच्चों में छोटी उम्र से ही पर्यावरण संरक्षण की भावना विकसित की जाए, तो आने वाली पीढ़ियां प्राकृतिक संसाधनों के प्रति अधिक जिम्मेदार बनेंगी।
‘वृक्ष लगाओ, जीवन को सुरक्षित बनाओ’ का दिया संदेश
मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने अपने संबोधन में कहा कि वृक्ष केवल पर्यावरण की सुंदरता नहीं बढ़ाते, बल्कि मानव जीवन के अस्तित्व का आधार भी हैं।
उन्होंने कहा कि तेजी से बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए अधिक से अधिक वृक्षारोपण जरूरी है। उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की कि वे प्रत्येक वर्ष कम से कम एक पौधा अवश्य लगाएं और उसे पेड़ बनने तक सुरक्षित रखें।
उन्होंने “वृक्ष लगाओ, जीवन को सुरक्षित बनाओ” का संदेश देते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है।

वृक्षों का पर्यावरण और जीवन में महत्व
अपने संबोधन में मंडलायुक्त ने वृक्षों के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि वृक्ष वातावरण में ऑक्सीजन की मात्रा बनाए रखते हैं, कार्बन डाइऑक्साइड सहित कई हानिकारक गैसों को अवशोषित करते हैं और वायु प्रदूषण को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कहा कि पेड़ मिट्टी के कटाव को रोकते हैं, वर्षा चक्र को संतुलित रखते हैं तथा पक्षियों और वन्य जीवों को प्राकृतिक आवास उपलब्ध कराते हैं। इसलिए प्रत्येक पौधे को बच्चों की तरह सहेजना और उसकी नियमित देखभाल करना अत्यंत आवश्यक है।
वन विभाग चला रहा जागरूकता अभियान
वन विभाग पूरे जिले में पौधारोपण के साथ-साथ लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर रहा है। विद्यालयों में विशेष जागरूकता अभियान, रैलियां, संगोष्ठियां और पौधों का वितरण किया जा रहा है।
अधिकारियों का कहना है कि केवल पौधे लगाना पर्याप्त नहीं है। यदि उनकी देखभाल नहीं की जाएगी तो अभियान का उद्देश्य अधूरा रह जाएगा। इसलिए प्रत्येक लगाए गए पौधे की निगरानी और संरक्षण पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
इन अधिकारियों की रही मौजूदगी
कार्यक्रम में प्रभागीय वनाधिकारी अनुराग प्रियदर्शी, अपर आयुक्त (प्रशासन) मीनू राणा, अपर आयुक्त (न्यायिक) राजेश कुमार यादव, संयुक्त विकास आयुक्त राजेश कुमार पाण्डेय सहित वन विभाग के कई अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे उपस्थित रहे।
सभी अधिकारियों ने भी पौधारोपण कर लोगों से हरित वातावरण बनाने में सहयोग देने की अपील की।



