इटियाथोक : पुलिस ने 182 किलो बिजली के तार, इंसुलेटर, पिकअप वाहन व मोबाइल फोन बरामद कर चार अभियुक्तों को धर दबोचा, चल रही थी बिजली लाइन निर्माण के दौरान चोरी की जांच।
📰 पूरी खबर विस्तार से:
उत्तर प्रदेश के गोण्डा जिले में इटियाथोक थाना पुलिस ने बिजली उपकरण चोरी के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन अभियुक्तों के पास से 182 किलो चोरी किया गया बिजली का तार, 2 अदद इंसुलेटर, 1 पिकअप वाहन, 4 मोबाइल फोन व नगद 2900 रुपये बरामद किए गए हैं।
🔍 मामले की पृष्ठभूमि:
24 अप्रैल 2025 को वादी ज्ञान सिंह ने इटियाथोक थाने में तहरीर दी थी कि वह खुशी कांट्रक्शन के अंतर्गत एनसीसी फर्म से बेंदुली से धानेपुर पावर हाउस तक बिजली लाइन निर्माण कार्य करवा रहे हैं। इस दौरान पारासराय रेलवे क्रॉसिंग के पास से अज्ञात चोरों द्वारा बिजली का तार व अन्य सामान चोरी कर लिया गया।
इटियाथोक पुलिस ने धारा 303(2), 317(2) बीएनएस के तहत मु0अ0सं0-90/25 में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
👮♂️ गिरफ्तारी कैसे हुई?
जांच के दौरान मिले सुरागों के आधार पर पुलिस ने 29 अप्रैल को पारासराय नहर पुलिया के पास घेराबंदी कर चारों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी मनोज कुमार रावत के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी सदर शिल्पा वर्मा के नेतृत्व में कार्रवाई की गई।
🧾 गिरफ्तार अभियुक्तों के नाम व पते:
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देवतादीन गुप्ता पुत्र ब्रजलाल गुप्ता, ग्राम सोहेलवा, थाना मोतीगंज
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मनीष वर्मा पुत्र जगदम्बा प्रसाद, मोड़ाडीहा, थाना कोतवाली देहात
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अक्षय कुमार पुत्र जगदीश प्रसाद, मोड़ाडीहा, थाना कोतवाली देहात
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श्रवण कुमार शर्मा पुत्र स्व. ज्ञान प्रकाश शर्मा, विश्वनागा, थाना कोतवाली देहात
📦 बरामदगी का ब्यौरा:
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182 किलो बिजली का तार
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02 अदद इंसुलेटर
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01 अदद तार कटर
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01 अदद चोरी में प्रयुक्त पिकअप वाहन
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04 अदद मोबाइल फोन
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₹2900 नगद
📁 अधिनियम व पंजीकृत मामला:
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मु0अ0सं0-90/25
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धारा 303(2), 317(2) बीएनएस
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थाना: इटियाथोक, जनपद गोण्डा
🕵️♂️ गिरफ्तारी करने वाली टीम:
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उपनिरीक्षक राजेश कुमार
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उपनिरीक्षक विकास कुमार
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हेड कांस्टेबल इमरान अहमद
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हेड कांस्टेबल राजेश कुमार प्रजापति
📌 निष्कर्ष:
इटियाथोक पुलिस की तत्परता और सूझबूझ से बिजली तार चोरी का यह मामला सुलझाया गया, जिससे बिजली विभाग को संभावित नुकसान से बचाया गया। पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में यह कार्रवाई क्षेत्र में कानून व्यवस्था और पुलिस की सक्रियता का प्रमाण है।

