गोंडा: गोंडा जिले की छपिया पुलिस ने सबरापुर गांव में हुए 40 वर्षीय मुनीम राम सजीवन वर्मा हत्याकांड का खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों—सचिन, बृजेश कुमार और महाजन गुप्ता को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने मुनीम को नौकरी से निकालने की धमकी और अपमानित करने के साथ-साथ 11 लाख रुपये हड़पने की योजना के तहत हत्या की थी।
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल की गई एक मोटरसाइकिल और एक लोहे का बांका बरामद हुआ। पुलिस ने मात्र 5 दिन में इस हत्याकांड का पर्दाफाश कर दिया।
हत्या की योजना
पूछताछ के दौरान आरोपी सचिन ने बताया कि वह पवन ब्रिक्स फील्ड सबरापुर में ट्रैक्टर चालक था। मुनीम राम सजीवन वर्मा द्वारा उसे बार-बार अपमानित किया जाता था और नौकरी से निकालने की धमकी दी जाती थी।
घटना से 8-10 दिन पहले भट्टा मालिक काशीराम वर्मा ने जमीन बेचकर मुनीम को 11 लाख रुपये दिए थे। इस बात की जानकारी मिलने पर सचिन ने अपने अपमान का बदला लेने, मुनीम को रास्ते से हटाने और रुपये हड़पने की योजना बनाई। इसके लिए उसने बृजेश और महाजन गुप्ता के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया।
वारदात का विवरण
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4 नवंबर की रात आरोपी सचिन, बृजेश और महाजन गुप्ता भभनान गए और लोहे का बांका खरीदा।
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इसके बाद मोटरसाइकिल को झाड़ियों में छिपाकर पैदल ही ऑफिस पहुंचे, क्योंकि उन्हें पहले से रास्ते और ऑफिस की जानकारी थी।
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मुनीम राम सजीवन वर्मा के दोनों हाथों को सचिन और बृजेश ने दबाया, जबकि महाजन गुप्ता ने सिर, चेहरे और गर्दन पर वार किए।
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मुनीम तख्त से नीचे गिर गया। शोर मचाने पर आरोपी घबरा गए और नहर की झाड़ियों में छुपकर फरार हो गए।
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हत्या से पहले आरोपियों ने लाइट के तार को काट दिया ताकि अंधेरा बना रहे।
घटना से पहले बृजेश कुमार को मुनीम ने नौकरी से निकाल दिया था, जिससे वह नाराज था।
पुलिस कार्रवाई
इस पूरी घटना का खुलासा करने वाली 5 पुलिस टीमों को 10 हजार रुपये का इनाम दिया गया।
गोंडा पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
आरोपियों का आपराधिक इतिहास
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बृजेश कुमार 2 साल पहले एक लड़की को भगा ले जाने के आरोप में जेल जा चुका था।
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आरोपियों के कब्जे से हत्या में इस्तेमाल की मोटरसाइकिल और बांका बरामद हुआ।
गोंडा पुलिस ने मुनीम राम सजीवन वर्मा हत्याकांड को मात्र 5 दिनों में सुलझा कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। हत्या की मुख्य वजह नौकरी से निकालने की धमकी, अपमान का बदला और 11 लाख रुपये हड़पने की योजना बताई जा रही है। पुलिस अब मामले की आगे की जांच और आपराधिक नेटवर्क की पड़ताल कर रही है।



