नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार, 19 सितंबर 2026 को आयोजित 20वें रोजगार मेले में 51 हजार से अधिक युवाओं को नियुक्ति पत्र दिए। कार्यक्रम को प्रधानमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए संबोधित किया। देशभर के 45 स्थानों पर रोजगार मेले का आयोजन किया गया, जहां केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे गए।
प्रधानमंत्री ने नए नियुक्त कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि वे ऐसे समय में भारत सरकार से जुड़ रहे हैं, जब देश 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि इस यात्रा में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है और सरकारी सेवा में रहते हुए कर्मचारियों को ऐसे फैसलों पर ध्यान देना चाहिए, जिनसे देश के विकास और आत्मनिर्भरता के प्रयासों को मजबूती मिले।
51 हजार से अधिक युवाओं को मिला नियुक्ति पत्र
20वें रोजगार मेले के तहत 51 हजार से अधिक नियुक्ति पत्र जारी किए गए। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, इसके साथ ही रोजगार मेले की विभिन्न कड़ियों के माध्यम से नियुक्ति पत्र पाने वाले युवाओं की कुल संख्या करीब 12.75 लाख हो गई है।
नए नियुक्त कर्मचारियों की तैनाती केंद्र सरकार के अलग-अलग मंत्रालयों, विभागों और संगठनों में होगी। इनमें राजस्व विभाग, रेल मंत्रालय, गृह मंत्रालय, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, वित्तीय सेवा विभाग और रक्षा मंत्रालय समेत कई संस्थान शामिल हैं।
45 स्थानों पर हुआ रोजगार मेला
20वां रोजगार मेला देशभर के 45 स्थानों पर एक साथ आयोजित किया गया। अलग-अलग स्थानों पर चयनित अभ्यर्थियों को औपचारिक रूप से नियुक्ति पत्र दिए गए और उन्हें सरकारी सेवा में अपनी नई जिम्मेदारियां शुरू करने के लिए शुभकामनाएं दी गईं। प्रधानमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इन नवनियुक्त कर्मचारियों को संबोधित किया।
रोजगार मेले का उद्देश्य केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों में रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया को गति देना और चयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपना है। PIB के अनुसार, भर्ती प्रक्रिया निर्धारित पदों और संबंधित भर्ती एजेंसियों के माध्यम से की जाती है।

पीएम मोदी ने युवाओं को दी जिम्मेदारी की याद
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने नए कर्मचारियों से कहा कि सरकारी सेवा में आने के बाद उनकी जिम्मेदारी केवल नौकरी तक सीमित नहीं है। उनके अनुसार, युवाओं को नागरिकों के जीवन को आसान बनाने और देश के विकास में योगदान देने की दिशा में काम करना चाहिए।
प्रधानमंत्री ने नियुक्ति पाने वाले युवाओं और उनके परिवारों को बधाई देते हुए उनकी सफलता के पीछे माता-पिता और परिजनों के योगदान का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि जिस मुकाम पर युवा पहुंचे हैं, उसमें उनकी मेहनत के साथ परिवार के सहयोग और त्याग की भी भूमिका रही है।
स्टार्टअप इकोसिस्टम का भी किया जिक्र
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम और युवाओं की उद्यमिता क्षमता का भी उल्लेख किया। PMO के मुताबिक, उन्होंने कहा कि भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम है और स्टार्टअप गतिविधियां अब केवल बड़े महानगरों तक सीमित नहीं हैं। लगभग आधे मान्यता प्राप्त स्टार्टअप टियर-2 और टियर-3 शहरों में स्थित हैं।
उन्होंने युवाओं को भविष्य की अर्थव्यवस्था के लिए तैयार करने के संदर्भ में राष्ट्रीय शिक्षा नीति, स्किल इंडिया मिशन, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना और अप्रेंटिसशिप जैसे कार्यक्रमों का भी उल्लेख किया।
2022 में शुरू हुआ था रोजगार मेला
राष्ट्रीय रोजगार मेले की शुरुआत 22 अक्टूबर 2022 को हुई थी। उस समय सरकार ने मिशन मोड में सरकारी पदों पर भर्ती को गति देने और युवाओं को नियुक्ति पत्र उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा था। पहले रोजगार मेले में 50 स्थानों पर 75 हजार से अधिक नियुक्ति पत्र वितरित किए गए थे।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, 20वें रोजगार मेले तक करीब 12.75 लाख युवाओं को विभिन्न सरकारी विभागों और संगठनों में नियुक्ति पत्र मिल चुके हैं।
नए कर्मचारियों के लिए नई जिम्मेदारी की शुरुआत
नियुक्ति पत्र पाने वाले युवाओं के लिए रोजगार मेला सरकारी सेवा में उनके करियर की शुरुआत का एक महत्वपूर्ण चरण है। अलग-अलग विभागों में नियुक्त होने के बाद ये कर्मचारी अपने संबंधित पदों और जिम्मेदारियों के अनुसार काम करेंगे।
सरकार की ओर से रोजगार मेले को भर्ती प्रक्रिया को तेज करने और युवाओं को सरकारी सेवा से जोड़ने की पहल के तौर पर प्रस्तुत किया गया है। वहीं, नियुक्त किए गए युवाओं के लिए यह औपचारिक चयन के बाद सरकारी सेवा में प्रवेश का अवसर है।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में युवाओं से देश की विकास यात्रा में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया और कहा कि वे अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए नागरिकों के लिए बेहतर सेवाएं सुनिश्चित करने पर ध्यान दें।



