झंझरी (गोंडा)। गोंडा में सनातन धर्म को समर्पित संस्था गीता गोष्ठी द्वारा रविवार को गीता जयंती के पावन अवसर पर रजत जयंती समारोह का आयोजन किया गया। यह भव्य कार्यक्रम मालवीय नगर स्थित रामलीला मैदान में प्रातः 09 बजे से शुरू हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु और संस्था से जुड़े सदस्य शामिल हुए।
संस्था के संस्थापक सदस्य इंजीनियर सुरेश कुमार दुबे ने जानकारी देते हुए बताया कि गीता गोष्ठी की स्थापना 17 दिसंबर 2000 को हुई थी। इस वर्ष संस्था अपने 25 वर्ष पूर्ण कर रही है, जिसे स्मरणीय बनाने के लिए रजत जयंती समारोह आयोजित किया गया।
यज्ञ-हवन के साथ हुआ शुभारंभ
समारोह की शुरुआत प्रातः नौ बजे वैदिक मंत्रोच्चार के साथ यज्ञ और हवन से की गई। इसके पश्चात सुबह दस बजे गीता ज्ञान प्रसार यात्रा निकाली गई, जिसका उद्देश्य श्रीमद्भगवद्गीता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना रहा।
शहर में भ्रमण कर रामलीला मैदान में समाप्त हुई यात्रा
गीता ज्ञान प्रसार यात्रा शहर के विभिन्न मार्गों से होकर गुजरी और पुनः मालवीय नगर स्थित रामलीला मैदान में आकर संपन्न हुई। यात्रा में हिमाचल प्रदेश से आई महिलाओं एवं बालिकाओं द्वारा लगाए गए बाजार की महिलाओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिससे आयोजन में सांस्कृतिक रंग और अधिक गहरा हुआ।
पुलिस व्यवस्था रही मुस्तैद
यात्रा के दौरान गोंडा पुलिस प्रशासन द्वारा सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए। पुलिस बल पूरे मार्ग पर गश्त करता रहा, जिससे कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न हुआ।
गीता गोष्ठी का रजत जयंती समारोह न केवल संस्था के 25 वर्षों की साधना और सेवा का प्रतीक बना, बल्कि गीता जयंती के अवसर पर ज्ञान, संस्कृति और सनातन मूल्यों के प्रचार-प्रसार का सशक्त माध्यम भी सिद्ध हुआ। ऐसे आयोजन समाज को आध्यात्मिक दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।



