गोंडा। गोंडा जिले में पुलिस की लापरवाही का गंभीर मामला सामने आया है। खरगूपुर थाना अध्यक्ष संजय कुमार सिंह को सड़क दुर्घटना में हुई मौत के मामले में एफआईआर दर्ज न करने पर पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया है। साथ ही उनके खिलाफ विभागीय जांच के भी आदेश दिए गए हैं।
जानकारी के अनुसार, 7 दिसंबर को एक सड़क दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। मृतक की पत्नी लगातार थाना खरगूपुर जाकर शिकायत दर्ज कराने की कोशिश कर रही थी, लेकिन आरोप है कि थाना अध्यक्ष द्वारा मुकदमा दर्ज नहीं किया गया। पीड़िता को कई बार थाने से लौटा दिया गया, जिससे वह न्याय के लिए भटकती रही।
SP कार्यालय पहुंची पीड़िता, तब हुई कार्रवाई
पीड़ित महिला बुधवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची और प्रार्थना पत्र देकर अपनी आपबीती बताई। SP विनीत जायसवाल ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच करवाई, जिसमें थाना स्तर पर लापरवाही सामने आई। इसके बाद थाना अध्यक्ष संजय कुमार सिंह को लाइन हाजिर करने का आदेश जारी किया गया।
सरकार की मंशा के खिलाफ लापरवाही बर्दाश्त नहीं: SP
एसपी विनीत जायसवाल ने कहा—
“सरकार की स्पष्ट मंशा है कि थाने पर आने वाले हर फरियादी की शिकायत सुनी जाए और उस पर विधि अनुसार कार्रवाई की जाए। इस मामले में लापरवाही पाई गई है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
उन्होंने बताया कि इससे पहले भी क्राइम मीटिंग में सभी पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए जा चुके हैं कि वे हर शिकायतकर्ता की समस्या गंभीरता से सुनें और समय पर समाधान सुनिश्चित करें।
अन्य पुलिसकर्मियों को चेतावनी
SP ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी द्वारा इस तरह की लापरवाही बरती जाती है, तो उसके खिलाफ और भी कठोर कार्रवाई की जाएगी। यह कदम पुलिस व्यवस्था में जवाबदेही और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।
खरगूपुर थाना अध्यक्ष को लाइन हाजिर करने की यह कार्रवाई पुलिस महकमे में जवाबदेही तय करने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है। इससे साफ संदेश गया है कि पीड़ितों की अनदेखी और एफआईआर दर्ज न करने जैसी लापरवाही पर अब सख्त कार्रवाई होगी। यह फैसला आम जनता के भरोसे को मजबूत करने वाला माना जा रहा है।

