भुवनेश्वर : ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने बुधवार रात राज्य में कानून व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में कई बड़े ऐलान किए। नई दिल्ली से लौटने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए माझी ने बताया कि गृह विभाग में 12,000 से अधिक पदों पर भर्ती की जाएगी। इसके अलावा, 20 नए साइबर पुलिस स्टेशन भी स्थापित किए जाएंगे।
👮♂️ इन विभागों में होगी भर्ती
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार निम्न विभागों में नियुक्तियां करेगी:
| विभाग / फोर्स | पदों की संख्या |
|---|---|
| ओडिशा स्पेशल स्ट्राइकिंग फोर्स (OSSF) | 3,003 |
| ओडिशा इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (OISF) | 3,000 |
| ट्रैफिक पुलिस | 2,000 |
| होम गार्ड्स | 5,000 |
| पब्लिक प्रॉसिक्यूशन निदेशालय | 267 |
| स्टेट फॉरेंसिक साइंस डिपार्टमेंट | 254 |
🔐 20 नए साइबर थाने और क्राइम सीन ऑफिसर की नियुक्ति
मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि राज्य में बढ़ते साइबर अपराधों पर काबू पाने के लिए 20 नए साइबर थानों की स्थापना की जाएगी। साथ ही, हर पुलिस स्टेशन में क्राइम सीन ऑफिसर की नियुक्ति भी की जाएगी ताकि अपराध के मामलों की जांच वैज्ञानिक तरीके से हो सके।
🤝 गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात में क्या हुआ?
सीएम माझी ने बताया कि दिल्ली में हुई मुलाकात के दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने राज्य को कानून व्यवस्था बनाए रखने में हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। साथ ही, बीएनएस (भारतीय न्याय संहिता), बीएनएसएस (नागरिक सुरक्षा संहिता) और बीएसए (भारतीय साक्ष्य अधिनियम) के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी चर्चा की गई।
🧾 निवेशक सम्मेलन में 13 समझौते और 1.03 लाख करोड़ का निवेश प्रस्ताव
सीएम माझी ने दो दिवसीय निवेशक सम्मेलन की भी जानकारी दी, जहां 13 समझौते हुए और 15 निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए। इनका अनुमानित मूल्य ₹1.03 लाख करोड़ है, जिससे राज्य में 95,000 से अधिक नौकरियों के अवसर पैदा होंगे।
🔍 विपक्ष के आरोपों पर सरकार का जवाब
यह घोषणाएं ऐसे समय आई हैं जब कांग्रेस समेत विपक्षी दल राज्य में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों और कानून व्यवस्था की स्थिति को लेकर भाजपा सरकार को घेर रहे हैं। सीएम माझी की ये घोषणाएं उन आरोपों का प्रभावी जवाब मानी जा रही हैं।
📢 निष्कर्ष:
ओडिशा सरकार का यह कदम राज्य में आंतरिक सुरक्षा, डिजिटल अपराधों पर नियंत्रण और न्याय प्रणाली को मज़बूत करने की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है। साथ ही, निवेशकों का बढ़ता भरोसा राज्य की आर्थिक और प्रशासनिक स्थिति को सशक्त बनाने का संकेत देता है।

