बहराइच : में सैय्यद सालार मसऊद गाजी दरगाह के सालाना जेठ मेले को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है, क्योंकि इस बार मेले को लेकर लखनऊ हाईकोर्ट में आज अहम सुनवाई होनी है। दरगाह प्रबंध समिति ने कोर्ट में याचिका दायर की है, जिसमें मेला लगाने की अनुमति की मांग की गई है।
लखनऊ हाईकोर्ट में अहम सुनवाई
आज लखनऊ हाईकोर्ट की खंडपीठ में सालाना जेठ मेला आयोजित करने को लेकर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। दरगाह प्रबंध समिति की ओर से कोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई की जाएगी, जिससे यह तय होगा कि मेले की अनुमति दी जाएगी या नहीं। इस बीच, प्रशासन ने मेला स्थल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को तगड़ा करने के लिए तैयारी पूरी कर ली है।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
सालार दरगाह मेला में हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं, और इस बार भी प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। दरगाह के आसपास बैरिकेडिंग लगाई गई है ताकि श्रद्धालुओं की आवाजाही नियंत्रित की जा सके। इसके अलावा, पुलिस बल की तैनाती भी की गई है, और क्षेत्र में विशेष निगरानी रखने के लिए ड्रोन कैमरों का भी उपयोग किया जा सकता है।
प्रशासन की ओर से दिशा-निर्देश
प्रशासन ने यह सुनिश्चित किया है कि मेले के आयोजन के दौरान कोई अप्रिय घटना न हो। सोशल डिस्टेंसिंग और कोरोना से बचाव के उपायों का पालन सुनिश्चित करने के लिए भी सभी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। इसके साथ ही श्रद्धालुओं के लिए विशेष शारीरिक जांच और मास्क पहनने की व्यवस्था की गई है।
मेले की संभावनाएं और श्रद्धालुओं की उम्मीदें
बहराइच में सालाना जेठ मेला धार्मिक दृष्टिकोण से बहुत महत्वपूर्ण है। यह मेला न केवल धार्मिक अनुष्ठान के लिए, बल्कि क्षेत्रीय पर्यटन के लिए भी बड़ा आकर्षण होता है। अगर कोर्ट ने मेले की अनुमति दे दी तो हजारों की संख्या में श्रद्धालु यहां आकर अपनी श्रद्धा अर्पित करेंगे और यह मेला एक ऐतिहासिक घटना के रूप में रिकॉर्ड होगा।
निष्कर्ष
सालार दरगाह मेला को लेकर आज लखनऊ हाईकोर्ट में होने वाली सुनवाई से यह तय होगा कि इस साल मेले का आयोजन हो पाएगा या नहीं। प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, और श्रद्धालुओं के लिए पूरी सावधानी बरती जा रही है। मेले की संभावनाओं पर सभी की निगाहें टिकी हैं, और जल्द ही स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।

